हाईकोर्ट बार एसोसिएशन चुनाव: डॉ. सीपी उपाध्याय 74 वोट से अध्यक्ष निर्वाचित, संतोष मिश्रा महासचिव
इलाहाबाद हाईकोर्ट बार एसोसिएशन के 2026-27 चुनाव में डॉ. सीपी उपाध्याय ने पीसी श्रीवास्तव को 74 मतों से हराकर अध्यक्ष पद जीता। उपाध्याय को 2,446 और श्रीवास्तव को 2,372 वोट मिले। महासचिव पद पर संतोष कुमार मिश्रा ने 2,987 के मुकाबले 3,270 मत पाकर 283 वोट से जीत दर्ज की।
74 वोटों से जीते डॉ. सीपी उपाध्याय, हाईकोर्ट बार एसोसिएशन के नए अध्यक्ष; संतोष मिश्रा महासचिव
प्रयागराज | 25 सितंबर 2026 | इलाहाबाद हाईकोर्ट बार एसोसिएशन के सत्र 2026-27 के चुनाव में अध्यक्ष पद का परिणाम बेहद करीबी मुकाबले के बाद सामने आया। वरिष्ठ अधिवक्ता चंद्र प्रकाश उपाध्याय (डॉ. सीपी उपाध्याय) ने 2,446 मत प्राप्त कर अध्यक्ष पद पर जीत दर्ज की। उनके निकटतम प्रतिद्वंद्वी प्रकाश चंद्र श्रीवास्तव (पीसी श्रीवास्तव) को 2,372 मत मिले। इस तरह जीत का अंतर 74 मत रहा। वहीं महासचिव पद पर संतोष कुमार मिश्रा ने 3,270 मत हासिल कर राय साहब यादव के 2,987 मतों के मुकाबले 283 मतों के अंतर से जीत दर्ज की।
चुनाव में 10,050 अधिवक्ताओं ने किया मतदान
इलाहाबाद हाईकोर्ट बार एसोसिएशन के चुनाव के लिए 17 सितंबर 2026 को मतदान कराया गया था। चुनाव में अध्यक्ष, महासचिव समेत विभिन्न पदों के लिए कुल 263 प्रत्याशी मैदान में थे। उपलब्ध चुनाव संबंधी रिपोर्ट के अनुसार बार एसोसिएशन में कुल 11,728 मतदाता अधिवक्ता थे, जिनमें से 10,050 अधिवक्ताओं ने मतदान किया। इस हिसाब से मतदान प्रतिशत लगभग 85.71% रहा। मतपत्रों की छंटाई के बाद मतगणना मैनुअल तरीके से लाइब्रेरी हॉल में कराई गई। चुनाव समिति के अनुसार प्रत्याशियों या उनके अधिकृत पर्यवेक्षकों की मौजूदगी में मतगणना की व्यवस्था की गई थी।
अध्यक्ष पद पर अंतिम परिणाम
अध्यक्ष पद के लिए कुल 8 प्रत्याशी मैदान में थे। अंतिम परिणाम इस प्रकार रहा:
|
प्रत्याशी |
प्राप्त मत |
|
चंद्र प्रकाश उपाध्याय (डॉ. सीपी उपाध्याय) |
2,446 |
|
प्रकाश चंद्र श्रीवास्तव (पीसी श्रीवास्तव) |
2,372 |
|
राधाकांत ओझा (आरके ओझा) |
2,019 |
|
अशोक कुमार सिंह |
1,824 |
|
अनिल श्रीवास्तव |
600 |
|
प्रभा शंकर मिश्र (पी.एस. मिश्रा) |
549 |
|
हरबंश सिंह |
125 |
|
देवी प्रसाद सिंह (डी.पी. सिंह) |
37 |
डॉ. सीपी उपाध्याय और पीसी श्रीवास्तव के बीच अंतर केवल 74 मत का रहा। दोनों के बीच मुकाबला अंतिम परिणाम तक निकट बना रहा। अमर उजाला की 25 सितंबर की रिपोर्ट ने भी इसे कांटे का मुकाबला बताया है।
महासचिव पद पर संतोष मिश्रा की जीत
महासचिव पद पर 14 प्रत्याशी चुनाव मैदान में थे। अंतिम परिणाम में संतोष कुमार मिश्रा को सबसे अधिक 3,270 मत मिले, जबकि राय साहब यादव को 2,987 मत प्राप्त हुए।
इस प्रकार संतोष मिश्रा ने 283 मतों के अंतर से महासचिव पद हासिल किया। अन्य प्रत्याशियों के मत इस प्रकार रहे:
|
प्रत्याशी |
प्राप्त मत |
|
संतोष कुमार मिश्रा |
3,270 |
|
राय साहब यादव |
2,987 |
|
शशि प्रकाश सिंह |
928 |
|
धर्मेंद्र प्रताप सिंह |
806 |
|
अभिषेक तिवारी |
454 |
|
उदय शंकर तिवारी |
301 |
|
आनंद मोहन पांडेय |
292 |
|
नन्हे लाल त्रिपाठी |
255 |
|
बृजेंद्र कुमार पांडेय |
143 |
|
हरिंद्रा प्रसाद |
134 |
|
धर्मेंद्र कुमार शुक्ला |
131 |
|
कुमार अनिश |
108 |
|
देवेंद्र कुमार तिवारी |
106 |
|
राजेश सिंह |
40 |
मतगणना के दौरान बदला था अध्यक्ष पद का रुझान
इस चुनाव की खास बात यह रही कि मतगणना के अलग-अलग चरणों में अध्यक्ष पद पर दोनों प्रमुख प्रत्याशियों के बीच अंतर लगातार बदलता रहा। 23 सितंबर को 2,991 मतपत्रों की गिनती के बाद डॉ. सीपी उपाध्याय को 704 मत, पीसी श्रीवास्तव को 673 मत और राधाकांत ओझा को 661 मत मिले थे। इसके अगले चरण में 24 सितंबर तक 6,425 मतपत्रों की गिनती पूरी होने की रिपोर्ट सामने आई। उस समय पीसी श्रीवास्तव 1,543 मतों के साथ आगे थे, जबकि डॉ. सीपी उपाध्याय को 1,536 मत मिले थे। यानी उस चरण में दोनों के बीच अंतर केवल 7 मत था। अंतिम मतगणना में तस्वीर फिर बदली और डॉ. सीपी उपाध्याय ने 2,446 मतों के साथ अध्यक्ष पद हासिल कर लिया। पीसी श्रीवास्तव को 2,372 मत मिले और अंतिम अंतर 74 मत रहा।
पिछले चुनाव में भी अध्यक्ष पद की दौड़ में थे सीपी उपाध्याय
डॉ. सीपी उपाध्याय के लिए यह चुनाव इसलिए भी महत्वपूर्ण रहा क्योंकि वे 2025 के हाईकोर्ट बार एसोसिएशन चुनाव में भी अध्यक्ष पद के प्रत्याशी थे। जुलाई 2025 के चुनाव में राकेश पांडेय 'बबुआ' 2,121 मत लेकर अध्यक्ष निर्वाचित हुए थे, जबकि सीपी उपाध्याय को 1,928 मत मिले थे। उस चुनाव में दोनों के बीच अंतर 193 मत था। 2026 के चुनाव में उपाध्याय ने 2,446 मत हासिल किए और अध्यक्ष पद प्राप्त किया। उपलब्ध परिणामों के आधार पर 2025 की तुलना में उनके प्राप्त मतों में 518 मत की वृद्धि दर्ज होती है।
2026 के चुनाव में अध्यक्ष पद पर 8 उम्मीदवार
इस बार अध्यक्ष पद के लिए मैदान में रहे 8 उम्मीदवार थे:
1. चंद्र प्रकाश उपाध्याय (डॉ. सीपी उपाध्याय)
2. प्रकाश चंद्र श्रीवास्तव (पीसी श्रीवास्तव)
3. राधाकांत ओझा
4. अशोक कुमार सिंह
5. अनिल श्रीवास्तव
6. प्रभा शंकर मिश्र
7. हरबंश सिंह
8. देवी प्रसाद सिंह
वहीं महासचिव पद के लिए 14 प्रत्याशियों ने चुनाव लड़ा।
पूरे चुनाव में अध्यक्ष और महासचिव के अतिरिक्त वरिष्ठ उपाध्यक्ष, उपाध्यक्ष, महिला उपाध्यक्ष, संयुक्त सचिव प्रशासन, संयुक्त सचिव लाइब्रेरी, संयुक्त सचिव प्रेस, संयुक्त सचिव महिला, कोषाध्यक्ष, महिला कोषाध्यक्ष तथा गवर्निंग काउंसिल सहित विभिन्न पदों के लिए भी बड़ी संख्या में प्रत्याशी मैदान में थे।
74 वोट का अंतर क्यों रहा महत्वपूर्ण?
अध्यक्ष पद पर कुल 8 प्रत्याशियों के बीच मतदान हुआ। अंतिम परिणाम में डॉ. सीपी उपाध्याय और पीसी श्रीवास्तव के बीच केवल 74 मतों का अंतर रहा। उपलब्ध आंकड़ों में दोनों प्रमुख प्रत्याशियों के मतों का अंतर कुल मतदान की तुलना में काफी छोटा रहा। यही वजह है कि मतगणना के अंतिम चरण तक अध्यक्ष पद का परिणाम स्पष्ट नहीं हुआ। 24 सितंबर की गणना में पीसी श्रीवास्तव और डॉ. उपाध्याय के बीच केवल 7 मतों का अंतर दर्ज किया गया था। हालांकि, चुनाव परिणाम को प्रभावित करने वाले किसी विशेष समूह, क्षेत्र, वर्ग या रणनीति के बारे में उपलब्ध आधिकारिक/विश्वसनीय रिपोर्टों में कोई पुष्ट निष्कर्ष नहीं दिया गया है। इसलिए ऐसे कारणों को तथ्य के रूप में प्रस्तुत करना उचित नहीं होगा।
समर्थकों ने किया स्वागत
परिणाम की घोषणा के बाद डॉ. सीपी उपाध्याय और महासचिव निर्वाचित संतोष मिश्रा के समर्थक अधिवक्ताओं ने उनका स्वागत किया। अमर उजाला की रिपोर्ट के अनुसार जीत की घोषणा के बाद दोनों को फूल-मालाओं से स्वागत किया गया। अध्यक्ष और महासचिव के परिणाम घोषित होने के बावजूद अन्य पदों की मतगणना उस समय जारी थी। इसलिए संपूर्ण कार्यकारिणी के अंतिम स्वरूप के लिए अन्य पदों के परिणामों की प्रतीक्षा आवश्यक थी।
What's Your Reaction?

