नासिक-त्र्यंबकेश्वर में भारी बारिश का अलर्ट, क्लाउडबर्स्ट की आशंका

नासिक और त्र्यंबकेश्वर क्षेत्र में भारी बारिश एवं संभावित क्लाउडबर्स्ट को लेकर मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने प्रशासन को अलर्ट पर रहने के निर्देश दिए।

Jul 7, 2026 - 09:24
Jul 7, 2026 - 09:24
 0
नासिक-त्र्यंबकेश्वर में भारी बारिश का अलर्ट, क्लाउडबर्स्ट की आशंका
नासिक-त्र्यंबकेश्वर में भारी बारिश

नासिक-त्र्यंबकेश्वर क्षेत्र में भारी बारिश और क्लाउडबर्स्ट की आशंका, प्रशासन हाई अलर्ट पर

नासिक, महाराष्ट्र। महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने नासिक और त्र्यंबकेश्वर क्षेत्र में अत्यधिक भारी वर्षा और संभावित क्लाउडबर्स्ट की आशंका को देखते हुए प्रशासन को पूरी तरह सतर्क रहने के निर्देश दिए हैं। मौसम विभाग से प्राप्त संकेतों के अनुसार आने वाले समय में इस क्षेत्र में तेज बारिश होने की संभावना है, जिससे जनजीवन प्रभावित हो सकता है।

मुख्यमंत्री ने मीडिया से बातचीत में बताया कि नासिक और त्र्यंबकेश्वर के बीच स्थित कुछ इलाकों में लगभग 300 मिलीमीटर तक वर्षा दर्ज होने की संभावना व्यक्त की गई है। उन्होंने कहा कि यदि बारिश की तीव्रता इसी स्तर पर बनी रहती है तो इसका असर नासिक शहर सहित आसपास के क्षेत्रों में भी देखने को मिल सकता है।

संभावित आपदा की स्थिति को देखते हुए राज्य सरकार ने जिला प्रशासन, आपदा प्रबंधन तंत्र और राहत एवं बचाव दलों को अलर्ट पर रहने के निर्देश दिए हैं। संवेदनशील क्षेत्रों की लगातार निगरानी की जा रही है तथा किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए आवश्यक संसाधनों की व्यवस्था की गई है।

मुख्यमंत्री ने यह भी बताया कि राज्य के अन्य हिस्सों रायगढ़, पालघर, सतारा, मुंबई और पुणे में भी पिछले कुछ दिनों के दौरान भारी वर्षा दर्ज की गई है। उनके अनुसार इस वर्ष मानसून की शुरुआत अपेक्षाकृत धीमी रही थी और शुरुआती 20 से 25 दिनों तक सामान्य से कम बारिश हुई, लेकिन हाल के दिनों में वर्षा की तीव्रता में अचानक वृद्धि देखी गई है।

प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि वे मौसम विभाग द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पालन करें, नदी-नालों, पहाड़ी ढलानों और जलभराव वाले क्षेत्रों से दूर रहें तथा अत्यंत आवश्यक होने पर ही यात्रा करें। साथ ही स्थानीय प्रशासन और आपदा प्रबंधन विभाग द्वारा जारी ताज़ा अपडेट पर लगातार नजर बनाए रखें।

विशेषज्ञों का मानना है कि लगातार हो रही भारी वर्षा के कारण निचले इलाकों में जलभराव, छोटी नदियों और नालों के उफान तथा यातायात प्रभावित होने जैसी परिस्थितियां उत्पन्न हो सकती हैं। ऐसे में प्रशासन की एडवाइजरी का पालन करना और अफवाहों से बचते हुए केवल आधिकारिक सूचनाओं पर भरोसा करना आवश्यक है।

What's Your Reaction?

like

dislike

love

funny

angry

sad

wow

पूजा अग्रहरि पूजा अग्रहरि ने 2020 में दैनिक विश्वमित्र से पत्रकारिता की शुरुआत की। युवा शक्ति और जागो देश यूट्यूब चैनलों से जुड़ने के बाद, वर्तमान में पिछले 1 वर्ष से ‘जागो टीवी’ वेब पोर्टल में कंटेंट राइटर हैं। ‘कोई और राकेश श्रीमाल’ पुस्तक की सह-संपादक रही हैं। आपने महात्मा गांधी अंतरराष्ट्रीय हिंदी विश्वविद्यालय, कोलकाता केंद्र से पत्रकारिता में स्नातकोत्तर किया है।